एक लम्ब्रेटा के नज़ारे का सुख

तपती दोपहर में एक सुनसान सड़क पर बीते दौर के हो चुके लम्ब्रेटा स्कूटर को फर्राटा मारते देखना...

गंगा के लिए अब कोई भगिरथ नहीं…

कैसी विडंबना है कि इस देश की जिस जलधारा में करोड़ों सनातनियों की सहर्ष आस्था हो....जिसकी एक बूंद पर लौकिक जगत...

कहानी मैगी से आगे भी है, जो अनसुनी है

मैगी पर देश भर में बैन लग जाने के बाद ये लग रहा है मानों पूरे देश में खाद्य पदार्थ पूरी...

हे आज तक ये ‘धर्म’ है ‘वारदात’ नहीं…

धनतेरस के दिन दोपहर में आज तक ने ' धर्मं ' कार्यक्रम में वाराणसी में माँ अन्नपूर्णा मंदिर...

ये तो दर्द में भी मुस्कुराता है

एक शहर जिसकी पहचानमहज घंटे और घड़ियालों से नहींमंदिर के शिखर औरउनपर बैठे परिंदों से नहींयहाँ ज़िन्दगीज़ज्बातों से चलती हैअविरल, अविनाशी...

टच वुड

धीरे धीरे अब मौसम सर्द होने लगा है कमरे में आने वाली धूप अब अलसा गयी है गहरे रंग के कपड़ों से आलमारी...

संजय दत्त और सवालात

संजय दत्त और सवालातसंजय दत्त अब लखनऊ से समाज वादी पार्टी के तिक्जेत पर चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं.....कदम बढ़ते...

भागलपुरी या अंगिका…एक विवेचना

Posted by poemsnpujaथोड़ा सा इतिहास में चलते हैं और मिथकों में तलाशते हैं...अंगिका अंग देश की भाषा है।अंगिका के बारे...

देख दिनन के फेर…

भारतीय मीडिया के लिए अरविंद केजरीवील कई माएनों में अहम हैं...भारतीय मीडिया मजबूत हो रही है और सृजन कर सकती है...

बाप के कांधे पर बेटे की लाश और स्क्रैमजेट इंजन वाला प्रगतिशील भारत

सटीक तो नहीं पता है लेकिन शायद दुनिया में तीसरे या चौथे नंबर की अर्थवस्वस्था वाले...

कबीर के बहाने काशी में हिंदुओं की आस्था से खेल तो नहीं रहे नरेंद्र मोदी, पूछना जरूरी है

सियासत अपने नफा नुकसान के लिए बड़ी महीन सी लकीरों को खाई में किस तरह बदल देती है ये समझना जरूरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र...

इंदिरा का लगाया आपातकाल अब भी मौजूद है, रंग बदला है और नाम भी

आज सबसे पहले बात देश के लोकतांत्रिक इतिहास में काले धब्बे की तरह माने जाने वाले आपातकाल की। 25 जून 1975 की वो तारीख...

पहाड़ की इन बेटियों की कहानी हमें ताकत देती है, पढ़ेंगे तो शायद कमजोरियां हारेंगी

उत्तराखंड के पहाड़ बदस्तूर जारी पलायन से वीरान होते जा रहे हैं, वहां न रोजी-रोटी का कोई संसाधन है, न शिक्षा और चिकित्सा की...

हर चुनाव में प्रधानमंत्री झूठ का नायाब उदाहरण पेश करते हैं…

RAVISH KUMAR. तथ्यों को कैसे तोड़ा-मरोड़ा जाता है, आप प्रधानमंत्री से सीख सकते हैं. मैं इन्हें सरासर झूठ कहता हूं, क्योंकि यह खास तरीके से डिज़ाइन...

जिन्ना की तस्वीर हटा देने भर से देशभक्ति के तकाज़े पूरे नहीं होंगे, कुछ और मूर्तियां गिरानी होंगी

PRIYADARSHAN. मोहम्मद अली जिन्ना की वजह से देश दो हिस्सों में बंट गया. वे भारत विभाजन के गुनहगार हैं. उनकी मदद से अंग्रेजों ने...